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आकाशीय बिजली से उत्तर भारत में 55 की मौत

नई दिल्ली 9 जून 2018 । झुलसा देने वाली भीषण गर्मी के बीच उत्तर भारत के कई राज्यों में राहत भरी बरसात हुई, मगर उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और उत्तराखंड में आसमान से गिरी जानलेवा बिजली ने जमकर कोहराम मचाया। उत्तर प्रदेश में ही आंधी-बारिश के साथ बिजली गिरने से 25 लोगों की मौत हो गई, जबकि भीषण गर्मी के कारण दो लोगों ने दम तोड़ दिया।

बिहार में 19 और झारखंड में 11 लोगों की आकाशीय बिजली ने जान ले ली। अलबत्ता, उत्तराखंड में कोई जनहानि नहीं हुई, मगर बादल फटने से लोगों को आर्थिक तौर पर काफी नुकसान हुआ। पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़ व राजस्थान में बारिश के चलते लोगों को गर्मी से राहत मिली। जम्मू-कश्मीर में भी बादल छाए रहे हैं, मगर लोगों को तरसा कर चले गए।

उत्तर प्रदेश में मौसम की मार से छाया मातम उत्तर प्रदेश में मौसम ने ऐसा कहर बरपाया कि हर तरफ मातम पसर गया। सूबे के सुलतानपुर, बहराइच, सीतापुर, अमेठी और रायबरेली में दो महिलाओं समेत 11 की मौत हो गई और 16 घायल हो गए।

पूर्वांचल में आंधी-पानी, आकाशीय बिजली से दस की जान चली गई। मध्य उत्तर प्रदेश के जिलों में जहां तापमान में कुछ गिरावट दर्ज हुई, वहीं बुंदेलखंड के जिले भीषण तपिश से जूझ रहे हैं। मौसम जनित कारणों से कुल छह लोगों की मौत हो गई, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सूरज ने तपिश में कोई नरमी नहीं बरती।

बिहार में 19 की जान ले गया वज्रपात- आंधी बारिश के बीच गुरुवार और शुक्रवार को हुए वज्रपात से बिहार में 19 लोगों की मौत हो गई। पूर्व बिहार, कोसी और सीमांचल में 11 लोगों की मौत की खबर है, जबकि दरभंगा में चार, कैमूर में तीन और मोतिहारी में एक व्यक्ति की जान गई है। 22 लोग घायल हैं।

झारखंड में आकाशीय बिजली से 11 की मौत-

झारखंड के कई जिलों में शुक्रवार की सुबह व दोपहर में तेज हवाओं के साथ बारिश हुई। इस दौरान हुए आकाशीय बिजली से प्रदेश भर में 11 लोगों की मौत हो गई।

उत्तराखंड में फटा बादल, रात को अफरातफरी-

उत्तराखंड के चमोली के चाईं गांव में बादल फटने से गांव के पास बहने वाले बरसाती नाले ने जमकर तबाही मचाई। खेतों में मलबा भरने के साथ ही कुछ घरों में भी पानी घुस गया। घटना आधी रात की है, ग्रामीणों ने सुरक्षित स्थान पर शरण लेकर जान बचाई। सुबह लौटने पर देखा दो गोशालाएं और दर्जनभर शौचालय जमींदोज थे, खेतों में खड़ी फसल भी नष्ट हो चुकी थी। बीते आठ दिन में बादल फटने की यह तीसरी घटना है। पिथौरागढ़ के तल्ला जौहार में बारिश और भूस्खलन से कई गांवों के संपर्क मार्ग बंद हैं। मौसम का यह मिजाज दस जून तक नहीं बदलने वाला।

पश्चिम बंगाल में पड़ रही हैं राहत की फुहारें-

पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग समेत सिक्किम में शुक्रवार को बारिश हुई। शाम को कोलकाता व आस-पड़ोस के जिलों में छिटपुट बारिश हुई। मौसम विभाग ने कहा है कि बंगाल में जल्द मानसून दस्तक देगा।

जम्मू में बादल भी गर्मी के तेवर नहीं कर पाए ठंडे-

जम्मू में बादल छाए रहने के बावजूद शुक्रवार को तेज गर्मी और उमस से लोग बेहाल रहे। अधिकतम तापमान 40 डिर्ग्री सेल्सियस रहा, जबकि न्यूनतम सामान्य से 4.3 डिर्ग्री ज्यादा 30 डिर्ग्री सेल्सियस। श्रीनगर में भी पारा सामान्य से 5.5 डिर्ग्री ज्यादा 33.2, जबकि न्यूनतम 18 डिग्री रहा।

छत्तीसगढ़ के बस्तर में पहुंचा मानसून-

मानसून बस्तर के रास्ते छत्तीसगढ़ पहुंच गया। इसकी वजह से गुरुवार को आधी रात बाद राज्य के ज्यादातर हिस्सों में तेज बारिश हुई। शुक्रवार को भी अधिकांश इलाकों में बादल छाए रहे, मगर कहीं तेज बारिश नहीं हुई।

राजस्थान में तेज गर्मी के बीच आंधी और बारिश-

राजस्थान में पड़ रही तेज गर्मी के बीच शुक्रवार दोपहर पांच जिलों में अचानक मौसम ने करवट बदला और फिर तेज आंधी के साथ बारिश हुई। जयपुर, दौसा, अलवर, सीकर और अजमेर जिलों में दोपहर करीब तीन बजे तेज आंधी चली और फिरबारिश हुई। बारिश के कारण तापमान में कुछ गिरावट दर्ज की गई । हालांकि, राज्य के अधिकांश जिलों में तेज गर्मी का दौर शुक्रवार को भी जारी रहा।

मध्य प्रदेश में पड़ने लगीं बौछारें-

मध्य प्रदेश के भोपाल में शुक्रवार को 80 किमी. प्रति घंटा की रफ्तार से हवा चली और कुछ स्थानों पर तेज बौछारें पड़ीं। इसी क्रम में रविवार से मालवा-निमाड़ क्षेत्र में तेज हवा के साथ ही बौछारें पड़ने का सिलसिला शुरू होने के आसार हैं।

हरियाणा में पारा 45 डिग्री, आज बूंदाबांदी के आसार-

हरियाणा में शुक्रवार को पूरा दिन कड़ी धूप और गर्म हवाओं ने लोगों को परेशान किया। सभी जिलों में गर्मी और उमस से लोगों का हाल-बेहाल रहा। शनिवार को बूंदाबांदी के आसार हैं।

पुलिस वाले ने जीता दिल, मूस्लाधार बारिश में ट्रेफिक करता रहा कंंट्रोल, निभाया अपना फर्ज

एक तरफ दिल्ली एनसीआर समेत आसापास के जिलों में भीषण गर्मी लोगों को सता रही है। वहीं सपनों की नगरी मुंबई में मानसून ने दस्तक दे दी है, जिसके चलते जगह-जगह जलभराव की स्थिती बनी हुई है। इस बीच एक मुंबई ट्रैफिक पुलिसवाले का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। जिसमें वह बिना किसी रेन कोर्ट या छतरी के मूसलधार बारिश में करीब ढाई घंटे तक ट्रैफिक कंट्रोल करता हुआ नजर आ रहा है।

बताया जा रहा है कि वीडियों में नजर आ रहा ट्रैफिक पुलिसकर्मी का नाम नंदकुमार इंगले है। तेज हवा के साथ शुरू हुई बारिश ने अकुर्ली रोड पर ट्रैफिक जाम लगा दिया। इस दौरान पुलिसकर्मी ने बारिश में भीगते हुए ट्रैफिक को कंट्रोल किया। वहां मौजूद एक शख्स ने पुलिसकर्मी का वीडियो बनाकर उसे सोशल मीडिया में डाल दिया। कांस्टेबल की ऐसी ड्यूटी देख लोग उनकी जमकर तारीफ कर रहे हैं। शुरूआत के तीन दिनों में यह वीडियो के 1.3 मिलियन लोग देख चुके हैं। वीडियो वायरल होने के बाद जब नंदकुमार से बात की गई तो उन्होंने बताया कि यह मेरा फर्ज है जो मैंने पूरा किया, बारिश अचानक इतनी तेज आई कि रेनकोट पहनने का वक्त नहीं था। अकुर्ली रोड पर ट्रैफिक काफी ज्यादा रहता है और ऐसे में वह अपनी पोजिशन से नहीं हट सकते थे। अगर हटते तो सड़क पर भयंकर जाम लग सकता था। वहीं कॉन्स्टेबल के इस कदम की लोग खूब सराहना कर रहे हैं।

आसमान से बरसी आफत, बिजली गिरने से 7 की मौत

मानसून के दस्तक देते ही आसमानी आपदा का प्रकोप शुरू हो गया है। जिसमें कई लोग अपनी जिंदगी से हाथ धो बैठे। जी हां बुधवार की रात में तेज आंधी और बारिश के दौरान रीवा संभाग में कई लोग आकाशीय बिजली की चपेट में आ गए, जिसमें से सात लोगों की मौत हो गई है, वहीं लगभग नौ लोग झुलस गए हैं। मृतकों में 4 सतना, 2 सीधी और एक रीवा का शामिल है।
जानकारी के अनुसार, बुधवार की आंधा बारिश विंध्य में जहां गर्मी से राहत दे गई तो वहीं कई परिवारों में कहर की तरह बरपी। दरअसल, बारिश के दौरान आकाशीय बिजला गिरने से सात लोगों की मौत हो गई। जबकि नौ लोग झुलस गए हैं।
सतना जिले के सभापुर के पिपरी टोला की घटना है।  जहां रामनरेश प्रजापति अपनी पतिनी और दो बच्चों के साथ बारिश के दौरान आम के पेड़ के नीचे खड़े थे तभी बिजली गिरी दो लोगों की मौत हो गई। वहीं दूसरी घटना में बरौंधा के पड़री गांव की है। जहां सिपाही लाल वर्मा अपने पोते दिलीप वर्मा के साथ खेत में आम तोड़ने गया था। तभी आकाशीय बिजली गिरने से दोनों की मौत हो गई।
सीधी जिले के हिनौती गांव में घटना है, जहां प्रदीप पटेल और सुनीता  बारिश से बचने पेड़ के नीचे खड़े हो गए। इसी दौरान आकाशीय बिजली गिरी और दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।
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