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एलओसी पर भारत की जोरदार कार्रवाई, पाक की आठ चौकियां तबाह

नई दिल्ली 2 अप्रैल  2019 । नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर युद्ध जैसे हालात बन गए हैं। राजौरी से पुंछ तक पाकिस्तानी सेना की सोमवार को दिनभर जारी रही गोलाबारी का देर शाम भारतीय सेना ने मुंहतोड़ जवाब दिया। पुंछ सेक्टर में भारतीय सेना ने जोरदार जवाबी कार्रवाई करते हुए पाक की आठ चौकियों को तबाह कर दिया और सात पाक सैनिकों को मार गिराया।

बीएसएफ का एक जवान शहीद, बच्ची समेत दो की मौत

सीमा पार नुकसान काफी हुआ है। वहां एंबुलेंस आ-जा रही हैं। रात 10 बजे राजौरी के नौशहरा के लाम सेक्टर में भी पाक सेना ने गोलाबारी तेज कर दी है। इससे पहले पाकिस्तानी गोलाबारी में सीमा सुरक्षा बल का एक इंस्पेक्टर शहीद हो गया। जबकि एक महिला सहित पांच वर्षीय बच्ची की मौत हो गई। पांच जवानों समेत 22 लोग घायल हुए हैं। हालात तनावपूर्ण होते देख नियंत्रण रेखा से पांच किलोमीटर के दायरे में स्कूल बंद कर दिए गए हैं।

सीमा पार से भारी गोलाबारी

सोमवार सुबह करीब पौने आठ बजे पुंछ सेक्टर और इसके बाद शाहपुर, किरनी, मेंढर, बांदी चेचिया, मंधार, कृष्णा घाटी, मनकोट, बालाकोट व मेंढर सेक्टर में सीमा पार से भारी गोलाबारी शुरू हो गई जो पूरे दिन जारी रही। गोलाबारी में सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के इंस्पेक्टर एलिस्क लाल मीनल शहीद हो गए। जबकि बांडी चेचियान गांव में मुहम्मद शफीक की पांच वर्षीय बेटी सोफिया, महिला सज्जाद बी पत्नी मोहम्मद याकूब निवासी बलनोई पुंछ की मौत हो गई। 18 लोग घायल हो गए। छह घायलों को उपचार के लिए राजकीय मेडिकल कॉलेज जम्मू रेफर किया गया। चार घायलों का वायु सेना के चॉपर से जम्मू और दो घायल एंबुलेंस से जम्मू भेजे।

यहां भी हुई गोलाबारी

शाहपुर किरनी, मच्छल सेक्टर, कृष्णा घाटी और पुंछ सेक्टर के अलावा राजौरी के नौशहरा में लाम सेक्टर में भी रात को पाक ने गोलाबारी की।

पंजाब सीमा पर चार पाकिस्तानी एफ-16 विमानों को वायु सेना ने खदेड़ा

भारतीय वायु सेना ने सीमा पर एक बार फिर पाकिस्तान की बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया है। पाकिस्तान ने तड़के तीन बजे पंजाब सीमा पर टोह लेने के लिए एफ-16 लड़ाकू विमानों का एक बेड़ा भेजा था। बेड़े में चार लड़ाकू विमान थे, लेकिन सतर्क भारतीय वायु सेना की टीम ने सुखोई और मिराज की मदद से पाकिस्तान के एफ-16 को खदेड़ दिया। पाकिस्तानी एफ-16 विमान पंजाब में खेमकरण सीमा के करीब आ गए थे।

बताया जा रहा है कि पाकिस्तानी लड़ाकू विमान सर्विलांस ड्रोन के साथ उड़ान भर रहे थे। दुश्मन विमानों का मकसद संवेदनशील इलाकों में भारतीय सेना की तैनाती का पता लगाना था। वायु सेना इस पूरे मामले की जांच कर रही है। पिछले महीने राजस्थान के गंगानगर में भारतीय सेना ने पाकिस्तान के एक ड्रोन को मार गिराया था। पिछले महीने ही भारत-पाक सीमा के बीकानेर सेक्टर में भी टोह लेने की कोशिश करते पाकिस्तान के एक ड्रोन को भारतीय वायु सेना ने हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल से ध्वस्त कर दिया था। दरअसल बालाकोट में भारत के एयर स्ट्राइक के बाद से पाकिस्तान बौखलाया हुआ है। वह जब-तब उकसाने की कार्रवाई कर रहा है।

पाक ने मानी भारत के खिलाफ एफ-16 के इस्तेमाल की बात

बार-बार इन्कार करते रहे पाकिस्तान ने पहली बार माना है कि 27 फरवरी को उसने भारत के खिलाफ एफ-16 लड़ाकू विमानों का इस्तेमाल किया था। भारत लगातार दावा करता रहा है कि 27 फरवरी को पाकिस्तान के एफ-16 विमानों ने भारतीय सीमा में घुसने की कोशिश की थी। इस दौरान भारतीय वायु सेना ने एक एफ-16 विमान को मार गिराया था। पाकिस्तान इस बात से इन्कार करता रहा है। सोमवार को भी उसने तब मार गिराए गए एफ-16 को भारत का दूसरा विमान बताया है।

पाकिस्तान के सैन्य प्रवक्ता मेजर जनरल आसिफ गफूर ने कहा, ‘जहां तक पाकिस्तानी वायु सेना द्वारा नियंत्रण रेखा के पार कार्रवाई की बात है, यह जेएफ-17 विमानों द्वारा पाकिस्तान की वायु सीमा में किया गया। बाद में दो विमान नियंत्रण रेखा पार कर पाकिस्तान में आए, जिन्हें मार गिराया गया।

दोनों भारतीय विमानों को एफ-16 से या जेएफ-17 से गिराया गया, इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता। अगर एफ-16 का भी इस्तेमाल हुआ, तो पाकिस्तान ने आत्मरक्षा में ऐसा किया। पाकिस्तान अपनी रक्षा के लिए कुछ भी कर सकता है।’ हालांकि उन्होंने भारत के उस दावे को नहीं माना है कि उसके एफ-16 को भारतीय वायु सेना ने मार गिराया था।

पाकिस्तान घोषित होगा आतंकी देश, एफएटीएफ ने कसी नकेल

एफएटीएफ और यूनाईटेड नेशंस सिक्योरिटी काउंसिल और अमेरिका के तेवरों को देखकर लग रहा है कि भारत और अफगानिस्तान में आतंकी गतिविधियों तथा आतंकवादियों को बढ़ावा देने के गंभीर नतीजे पाकिस्तान को निकट भविष्य में भुगतने पड़ेंगे। आतंकियों को आर्थिक मदद और संरक्षण के खिलाफ पाकिस्तान के प्रयासों को एफएटीएफ ने महज दिखावा माना है। एफएटीएफ ने पाकिस्तान को आगाह करवा दिया है कि वो अभी तक आतंकियों के खिलाफ की गयी कार्रवाई से संतुष्ट नहीं है। क्यों कि पाकिस्तान सरकार ने उन गिरोहों और आतंकियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है जो पहले से प्रतिबंधित हैं लेकिन पाकिस्तान में उनकी गतिविधियां लगातार संचालित हो रही हैं।

अमेरिका ने पाकिस्तान को बहुत सख्त लहजे में चेतावनी दी है कि आतंकियों के खिलाफ उठाये गये कदम सार्थक होने चाहिए। कार्रवाई ऐसी हो जिससे आतंकवादी दुबारा सिर न उठा सके और जो भी कदम उठाए जायें जिनकी पुष्टि भी की जा सके। इसका मतलब यह कि अमेरिका ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि जुबानी जमा खर्च और बंदर गुलाटियों से काम नहीं चलेगा। आतंकी कैंपों के पोस्टर बैनर बदल कर उन्हें छद्म तरीके से जिंदा रखने पर कड़ी कार्रवाई की जायेगी।

पाकिस्तान फिल्हाल एफएटीएफ की ‘ग्रे’ लिस्ट में है। एफएटीएफ ने पाकिस्तान को पहले से ही चेतावनी दी थी आतंकियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई न होने पर ब्लैक लिस्ट कर दिया जायेगा। एफएटीएफ ने पाकिस्तान को नोटिस देकर मई के दूसरे हफ्ते के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है। हालांकि पाकिस्तान के पास स्पष्टीकरण के नाम पर देने के लिए कुछ खास नहीं है फिर भी ब्लैक लिस्ट किये जाने से पहले एक औपचारिकता पूरी करनी है। एफएटीएफ के रुख को देखकर पाकिस्तान में सियापा मचा हुआ है। क्यों कि मई में स्पष्टीकरण देने के बाद सितंबर में एफएटीएफ की बैठक होगी और उसमें पाकिस्तान को ब्लैक लिस्ट किये जाने की पूरी संभावना है।

एफएटीएफ में ब्लैक लिस्ट हो जाने के बाद पाकिस्तान के ऊपर आर्थिक पाबंदियों का पहाड़ टूट पड़ेगा। जिससे उबर पाना मुश्किल होगा। क्यों कि चीन 73 अरब डॉलर का कर्ज पहले से ही दे चुका है। इसके अलावा ढाई अरब डॉलर चीन ने पाकिस्तान को नकदी संकट से उबारन के लिए दिए हैं। सऊदी अरब ने 20 बिलियन डॉलर अभी कुछ दिन पहले ही दिये हैं। पाकिस्तान के आज के हालात यह हैं कि विदेशों से लिया कर्ज वापस करना तो दूर उसका ब्याज तक लौटाने के पैसे नहीं हैं।

अमेरिकी संसद में प्रस्‍ताव पेश, तबाह किए जाए पाकिस्तान में मौजूद आतंकी ठिकाने

आतंकियों को पनाह देने वाले पाकिस्‍तान पर अमेरिका ने भी अब नजरें टेढ़ी कर ली हैं। अमेरिकी संसद में सांसद स्‍कॉट पेरी ने आतंकवाद के खिलाफ प्रस्ताव पेश किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि बहुत हो चुका है अब पाकिस्तान सरकार को जवाबदेह ठहराए जाने का समय आ गया है। साथ ही पेरी ने पुलवामा हमले का जिक्र करते हुए इस कायर कृत्‍य की निंदा की।

पेन्सिलवेनिया के रिपब्लिकन सांसद स्कॉट पेरी ने गुरुवार को अमेरिकी प्रतिनिधि सभा में पाकिस्तान से कार्रवाई की मांग करते हुए एक प्रस्ताव पेश किया है। प्रस्ताव में 14 फरवरी को हुए पुलवामा आतंकी हमले की भी निंदा की गई। इस हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान स्थित आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (जेएम) ने ली थी।

उन्‍होंने कहा कि बहुत हो चुका, अब समय है कि पाकिस्तान सरकार को जिम्मेदार बनाया जाए। पाकिस्तान का आतंकवाद और आतंकियों के हमदर्दों को पनाह देने का लंबा इतिहास रहा है। अब पाकिस्‍तान में पलने वाले आतंकियों के ठिकानों को तबाह किया जाए। अब और अधिक समय नहीं दिया जा सकता है।

गौरतलब है कि अमेरिका ने जैश-ए-मोहम्मद प्रमुख मसूद अजहर को वैश्विक आतंकवादी घोषित करने के लिए अंतरराष्ट्रीय दबाव बढ़ाते हुए, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में एक मसौदा प्रस्ताव पेश किया है ताकि अजहर का नाम काली सूची में डाला जा सके।

बॉर्डर पर PAK ने फिर की गुस्ताखी, 3 बजे रात भेजा F-16 का जखीरा

इंडियन एयर फोर्स ने बॉर्डर पर एक बार फिर से बड़ी पाकिस्तानी साजिश को नाकाम कर दिया है. पाकिस्तान ने रविवार देर रात भारतीय सीमा की ओर F-16 लड़ाकू विमानों का एक बेड़ा पंजाब बॉर्डर पर टोह लेने के लिए भेजा. अलर्ट एयरफोर्स की टीम ने सुखोई और मिराज की मदद से पाकिस्तान के F-16 को वापस खदेड़ दिया.

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक आज तड़के 3 बजे भारत के रडार ने पाकिस्तान के चार F-16 लड़ाकू विमानों और UAV की मूवमेंट नोटिस की. पाकिस्तान की ये लड़ाकू विमान पंजाब में खेमकरण बॉर्डर के पास थे.

भारत ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान के इन जहाजों को खदेड़ने के लिए सुखोई-30 और मिराज लड़ाकू विमानों को भेज दिया. भारत की ओर से कड़ी प्रतिक्रिया देखते हुए पाकिस्तानी जहाज वापस अपनी सीमा में चले गए.

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