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प्रियंका गांधी ने रायबरेली में सपा कार्यकर्ताओं को किया संबोधित, सब हैरान

नई दिल्ली 3 मई 2019 ।  कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने गुरुवार को रायबरेली में समाजवादी पार्टी की एक जनसभा को संबोधित किया. उनके समाजवादी पार्टी के कार्यक्रम में पहुंचने से सभी हैरान रह गए. असल में, कांग्रेस महासचिव रायबरेली के ऊंचाहार में समाजवादी पार्टी के विधायक और पूर्व मंत्री मनोज कुमार पांडेय ने एक कार्यक्रम का आयोजन किया था, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में प्रियंका गांधी को आमंत्रित किया गया था.

मंच पर समाजवादी पार्टी के बैनर पोस्टर लगे हुए थे जिसमें सपा प्रमुख और उत्तर प्रदेश पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की तस्वीर थी. बताया जा रहा है कि यह सभा सोनिया गांधी के समर्थन में रखी गई थी.

एक तरफ समाजवादी पार्टी और बहुजन समाजवादी पार्टी के प्रमुख कांग्रेस पर निशाना साधने का कोई मौका नहीं छोड़ रहे हैं. लेकिन प्रियंका गांधी के समाजवादी पार्टी के कार्यक्रम में पहुंचने से अलग अलग तरह के कयास लगाये जा रहे हैं. माना जाता है मनोज कुमार पांडेय के कांग्रेस में अच्छे रिश्ते हैं इसलिए उन्होंने प्रियंका को अपने कार्यक्रम में बुलाया. बसपा और सपा ने रायबरेली से कोई उम्मीदवार नहीं उतारा है. साफ है कि दोनों दल सोनिया गांधी को समर्थन दे रहे हैं.

बहरहाल रायबरेली के ऊंचाहार में जिस कार्यक्रम को संबोधित किया उसमें समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता मौजूद थे. समर्थक समाजवादी पार्टी की लाल टोपी पहने नजर आए. प्रियंका गांधी का वह बयान काफी चर्चा में आया था जिसमें उन्होंने कहा था कि कांग्रेस ने कई सीटों पर बीजेपी की हार सुनिश्चित करने के लिए उन्होंने वोट काटने वाले प्रत्याशी खड़े किए हैं.

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने बुधवार को कहा था कि उत्तर प्रदेश में उनकी पार्टी ने जीतने वाले और मजबूत उम्मीदवार उतारे हैं, और जो नहीं जीत पाएंगे वह राज्य में बीजेपी को नुकसान पहुंचाएंगे. उन्होंने कहा, ‘हमने उत्तर प्रदेश में मजबूत उम्मीदवार उतारे हैं. वैसे तो सब जीतेंगे और जो नहीं भी जीत रहे हैं, वे बीजेपी का वोट काटेंगे. कांग्रेस ने ऐसे उम्मीदवार उतारे हैं जो जीत सकते हैं अथवा जिनके पास राज्य में बीजेपी की उम्मीदों को नुकसान पहुंचाने की क्षमता है.

कांग्रेस ने जारी की यूपीए सरकार में हुई 6 सर्जिकल स्ट्राइक की लिस्ट
पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के सर्जिकल स्ट्राइक के दावे के बाद कांग्रेस ने 6 सर्जिकल स्ट्राइक की सूची जारी की है. इसमें पहली सर्जिकल स्ट्राइक 19 जून 2008 को दूसरी 30 अगस्त-1 सितंबर को तीसरी 6 जनवरी 2013 को, चौथी 27-28 जुलाई 2013 के बीच, पांचवी 6 अगस्त 2013 को और छठी 23 दिसंबर 2013 को की गई थी.

बता दें कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर यह आरोप लगा रही है कि वे सेना के शौर्य का इस्तेमाल वोट हासिल करने के लिए कर रहे हैं. बुधवार को पूर्व पीएम मनमोहन सिंह ने भी कहा कि , ‘हमारे कार्यकाल के दौरान भी कई सर्जिकल स्ट्राइक किए गए थे. हमने रणनीतिक तौर पर इसका इस्तेमाल दुश्मनों को करारा जवाब देने के लिए किया था न कि चुनाव के दौरान वोट के लिए.’

इससे पहले कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी भी कई मंचों से कह चुके हैं कि कांग्रेस के कार्यकाल के दौरान कई बार सर्जिकल स्ट्राइक हुए थे. हालांकि पहली बार पूर्व पीएम मनमोहन सिंह ने सर्जिकल स्ट्राइक पर कोई टिप्पणी की.

पूर्व पीएम ने कहा था – ‘बीते 70 सालों में, सरकारों को कभी भी हमारे सशस्त्र बलों की वीरता के पीछे छिपना नहीं पड़ा है. सरकार ऐसा अपनी नाकामी छुपाने के लिए कर रही है.’

राजीव शुक्ला ने किया दावा

गुरुवार को एक प्रेस वार्ता में कांग्रेस नेता राजीव शुक्ला ने कहा कि मनमोहन सिंह की सरकार के दौरान छः सर्जिकल स्ट्राइक की गई हैं. पहली 19 जून 2008 को जम्मू और कश्मीर के पुंछ स्थित भट्टल सेक्टर में, दूसरी 30 अगस्त 1 सितंबर के बीच नीलम नदी की घाटी के शारदा सेक्टर में सर्जिकल स्ट्राइक की गई.

शुक्ला ने दावा किया कि एक सर्जिकल स्ट्राइक 6 जनवरी 2013 को सावन पतरा चेकपोस्ट, एक 27 और 28 जुलाोई 2013 को नाजापीर सेक्टर में की गई. उन्होंने कहा कि 6 अगस्त 2013 को नीलम घाटी और 14 जनवरी 2014 को भी एक सर्जिकल स्ट्राइक की गई.

सर्जिकल स्ट्राइक के दावों को अरुण जेटली ने किया खारिज

पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के सर्जिकल स्ट्राइक के दावों को वित्तमंत्री अरुण जेटली ने खारिज किया है. उन्होंने कहा कि मनमोहन सिंह सरकार के कार्यकाल में कई अज्ञात और अदृश्य रूप से सर्जिकल स्ट्राइक हुईं. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस को ‘डर’ है कि अगर वे इस कूटनीतिक जीत का जश्न मनाने में शामिल नहीं होते हैं, तो राजनीतिक रूप से हार जाएंगे. उन्होंने कहा कि इसी वजह से वो कहते हैं कि हमने सर्जिकल स्ट्राइक की थी, वे ‘अदृश्य’ सर्जिकल स्ट्राइक थे. जब हम बालाकोट में एयर स्ट्राइक करते हैं तो वो उस पर संदेह करते हैं.

गौरतलब है कि हिंदुस्तान टाइम्स के साथ एक साक्षात्कार में मनमोहन सिंह ने कहा था कि सर्जिकल स्ट्राइक यूपीए सरकार द्वारा भी की गई थी, लेकिन इसका इस्तेमाल ‘चुनावी लाभ’ के लिए नहीं किया गया था. जेटली ने कहा कि कांग्रेस संयुक्त राष्ट्र में जैश-ए-मोहम्मद सरगना मसूद अजहर को वैश्विक आतंकवादी घोषित न कर पाने पर अपना बचाव कर रही है और अब सर्जिकल स्ट्राइक का दावा कर रही है.

जेटली ने कहा कि कांग्रेस की ओर से जिन सर्जिकल स्ट्राइक का दावा किया गया है वे अदृश्य और अज्ञात सर्जिकल स्ट्राइक थे. गौरतलब है कि मनमोहन सिंह ने कहा था कि चुनावी लाभ के लिए सैन्य अभियानों का राजनीतिकरण करना शर्मनाक है. उन्होंने कहा था कि कांग्रेस के कार्यकाल में भी सेना को खुली छूट दी गई थी.

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