मुख्य पृष्ठ >> खास खबरें >> राफेल पर ओलांद के खुलासे से राहुल हमलावर, कहा- PM ने देश से धोखा किया

राफेल पर ओलांद के खुलासे से राहुल हमलावर, कहा- PM ने देश से धोखा किया

नई दिल्ली 22 सितम्बर 2018 । फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद द्वारा राफेल डील पर नया खुलासा करने के बाद से कांग्रेस और हमलावर हो गई है. इस डील में अनिल अंबानी की एंट्री को लेकर खुलासा होने पर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सबसे बड़ा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि राफेल डील पर प्रधानमंत्री ने देश को धोखा दिया है. उन्होंने बंद दरवाजे के पीछे निजी तौर पर दखल देकर राफेल डील करवाई.

राहुल गांधी ने ट्वीट किया, ‘प्रधानमंत्री ने बंद दरवाजे के पीछे निजी तौर पर राफेल डील पर बात की और इसमें बदलाव कराया. फ्रांस्वा ओलांद को धन्यवाद, हम अब जानते हैं कि उन्होंने(मोदी ने) दिवालिया अनिल अंबानी के लिए अरबों डॉलर्स की डील कराई. प्रधानमंत्री ने देश को धोखा दिया है. उन्होंने हमारे सैनिकों की शहादत का अपमान किया है.दरअसल, पूरा विवाद फ्रेंच न्यूज वेबसाइट मीडियापार्ट में शुक्रवार को छपे लेख के बाद आया. फ्रेंच भाषा में छपे इस लेख में फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद के हवाले से कहा गया है कि अनिल अंबानी की कंपनी रिलायंस के साथ करार करने में फ्रांस सरकार की कोई भूमिका नहीं थी. राफेल डील के लिए भारत सरकार ने अनिल अंबानी की रिलायंस कंपनी का नाम प्रस्तावित किया था. लिहाजा दसॉ एविएशन कंपनी के पास कोई और विकल्प नहीं था.

रफाल डील: फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति ओलांद ने कहा- भारत सरकार ने सुझाया था अनिल अंबानी की कंपनी का नाम

रफाल डील पर विपक्ष की घेरेबंदी के बीच फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद ने बड़ा खुलासा किया है। ओलांद ने कहा है कि रफाल सौदे में अनिल अंबानी की कंपनी रिलायंस डिफेंस को फ्रांस ने नहीं चुना था। उन्होंने दावा है कि रिलायंस डिफेंस का नाम भारत सरकार की तरफ से सुझाया गया था। ओलांद ने कहा कि फ्रांस की रक्षा कंपनी दसाल्ट के पास कोई विकल्प नहीं था इसलिए हमने वही कंपनी का चुनाव किया जिसका नाम भारत की तरफ से सुझाया गया था। बता दें कि ओलांद का दावा सरकार के उस दावे को खारिज करती है जिसमें कहा गया था कि दसाल्ट और रिलायंस के बीच यह समझौता एक कमर्शल पैक्ट था जो कि दो प्राइवेट फर्म के बीच हुआ था।
प्रशांत भूषण ने साधा पीएम मोदी पर निशाना
फ्रांस्वा ओलांद के इस दावे के बाद भारत में राजनीति रफाल मुद्दे पर फिर से गरमा गई है। वरिष्ठ वकील और स्वराज अभियान के नेता प्रशांत भूषण मे कहा कि पीएम मोदी बताएं यह सेटिंग कैसी हुई। ट्विटर पर पीएम मोदी की आलोचना करते हुए उन्होंने कहा कि अंबानी को पार्टनर चुनने में फ्रांस की भूमिका नहीं है। प्रशांत भूषण मे पूछा है कि क्या आपने ने अनिल अंबानी की कंपनी रिलायंस डिफेंस की सिफारिश की थी। क्या यह भी गुप्त मोदीजी है? उधर, मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस रफाल मुद्दे पर लगातार पीएम मोदी को घेर रही है। इससे पहले देश भर में इस मुद्दे पर कांग्रेस प्रदर्शन कर चुकी है। फ्रांस की मीडिया ने भी उठाया था सवाल
इससे पहले फ्रांस की मीडिया ने भी रफाल सौदे पर सवाल उठाया था। अगस्त में एक प्रमुख अखबार ने सवाल उठाते हुए लिखा था कि हिंदुस्तान एरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) की जगह अंबानी की कंपनी को कैसे यह डील दे दी गई। अखबार का कहना था कि साल 2007 में शुरू हुई डील से हिंदुस्तान एरोनॉटिक्स लिमिटेड को 2015 में कैसे बाहर कर दिया गया और निजी क्षेत्र की कंपनी रिलायंस डिफेंस को इस समझौते में कैसे शामिल किया गया।

शेयर करें :

इसे भी पढ़ें...

अमेरिका के आगे झुका पाकिस्तान, अफगानिस्तान में हमलों के लिए देगा एयरस्पेस

नई दिल्ली 23 अक्टूबर 2021 । जो बाइडेन प्रशासन ने कहा है कि अमेरिका अफगानिस्तान …