मुख्य पृष्ठ >> प्रदेश >> मध्यप्रदेश >> उज्जैन / भोपाल >> विश्व आर्थिक मंच पर कमलनाथ प्रदेश की असीम संभावनाओं का सूर्योदय

विश्व आर्थिक मंच पर कमलनाथ प्रदेश की असीम संभावनाओं का सूर्योदय

भोपाल 21 जनवरी 2019 । प्रदेश कांगे्रस मीडिया विभाग के उपाध्यक्ष अभय दुबे ने जारी एक बयान में बताया है कि स्विट्जरलैंड के दाओस में विश्व आर्थिक मंच पर मध्यप्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री कमलनाथ प्रदेश की भावी प्रगति की असीम संभावनाओं से विश्व आर्थिक मंच को अवगत कराने वाले हैं। 22 से 25 जनवरी तक चलने वाले इस आयोजन के मंच पर विश्व भर के 3200 प्रतिनिधि 600 वर्किंग सत्रों में अपने विचार साझा करने वाले हैं, जिनमें आधे तो विश्व भर के उद्योगों के प्रतिनिधि होंगे और 100 देशों के राष्ट्र प्रमुख और उनके प्रतिनिधि होंगे। चूँकि विश्व की आधी आबादी 27 साल से कम उम्र की है, इसलिए युवाओं को भी बेहतर प्रतिनिधित्व इस आयोजन में दिया गया है। इनमें ट्रेड यूनियन, एंजियो, सोशल इंटरप्रिन्योर, कल्चरल लीडर इत्यादि लोग भी संस्थागत रूप से भाग लेंगे।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के अलावा प्रमुख हस्तियां भी होंगी। जापान के प्रधानमंत्री शिंजो अबे, जर्मनी की चांसलर एंजेला मार्केल, ब्रिटेन के प्रिंस विलियम्स, इटली के प्रधानमंत्री, इजराइल के प्रधानमंत्री, न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री, ब्राजील के प्रेसिडेंट, चीन के वाइस प्रेसिडेंट, नाॅर्वे, नीदरलैंड के प्रधानमंत्री, माइक्रोसाॅफ्ट के सीईओ सत्या नडेला इत्यादि।

– ग्लोबलाइजेशन 4.0 इस आयोजन की थीम होगी

विश्व आर्थिक मंच पर चैथी औद्योगिक क्रांति का आकार कैसा हो इस पर चर्चा के लिए विश्व जगत की बड़ी हस्तियाँ एकत्रित हो रही हैं। समूचा विश्व चाहता है कि औद्योगिक क्रांति की चैथी लहर मानव केंद्रित, समावेशी और पर्यावरण तथा भावी पीढ़ी को ध्यान में रखकर विकास केंद्रित हो।
600 कामकाजी सत्रों वाले चार दिवसीय इस आयोजन में छः महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा केंद्रित होगी, बहु वैचारिक विश्व में भू-राजनीति, अर्थव्यवस्था का भविष्य, औद्योगिक व्यवस्था और तकनीकी नीति, वैश्विक संस्थागत सुधार, मानव निधि और समाज, व्यवस्थागत सोच को बढ़ावा देने के लिए लचीलापन और उसका जोखिम।
मध्यप्रदेश के भविष्य की असीम संभावनाओं को रेखांकित करने के लिए प्रतिबद्ध श्री कमलनाथ विश्व आर्थिक मंच पर मध्यप्रदेश के सेल्फ सस्टेनेबल इंडस्ट्रियल ग्रोथ सेंटर्स पर बात कर सकते हैं। साथ ही बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स से भविष्य का मध्यप्रदेश तथा लाॅजिस्टिक हब्स और इंडस्ट्रियल पार्क पर भी वे मध्यप्रदेश का पक्ष रख सकते हैं। मध्यप्रदेश में नए इन्वेस्टर्स से इंटरेक्शन का तरीका क्या होगा, फैसिलिटेशन सपोर्ट सिस्टम कैसा होगा तथा स्किल डेवलपमेन्ट से लेकर इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट के डिस्ट्रिक्ट लेवल रिफाॅर्म तक पर मध्यप्रदेश का पक्ष रख सकते हैं। मध्यप्रदेश के लिए यह एक गौरव का अवसर है कि हमारे पास एक ऐसे मुख्यमंत्री हैं जो वर्ल्ड इकोनाॅमिक फोरम से लेकर अन्नदाता किसानों तक सब पर एक द्रष्टा के रूप में अपने काम को अंजाम दे रहे हैं। मध्यप्रदेश के लिये इस गौरवमयी अवसर पर समूचा प्रदेश मुख्यमंत्री जी को शुभकामनाएं प्रेषित करता है।

साधना सिंह बोलीं-मायावती किन्नर से भी बदतर, बीएसपी नेता ने किया पलटवार, बीजेपी एमएलए को बताया मेंटली

लोकसभा चुनाव को कुछ महिने ही बाकी बचे हैं। और जैसे-जैसे लोकसभा चुनाव नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे विपक्ष के साथ सत्तारूढ़ दल के नेताओं की भाषा भी अमर्यादित होती जा रही है। वह एक दूसरे पर बाहियात बयानबाजी करने से नहीं चूक रहे। कल शनिवार को भारतीय जनता पार्टी की पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर से विधायक साधना सिंह ने भी बसपा सुप्रीमो मायावती के खिलाफ अभद्र टिप्पणी कर दी। भाजपा की महिला विधायक साधना सिंह ने सुश्री मायावती को थर्ड जेंडर से भी बदतर बता दिया था। इस पर बीएसपी के नेता सतीश चंद्र मिश्रा बौखला गए और उन्होंने पलटवार करते हुए कहा, साधना सिंह ‘मानसिक रूप से बीमार हैं’।

बीएसपी के सतीश चंद्र मिश्रा ने कहा, ‘हमारी पार्टी चीफ के लिए उन्होंने जिन शब्दों का इस्तेमाल किया, वह भाजपा के स्तर को दर्शाता है। इस गठबंधन (एसपी-बीएसपी) की घोषणा के बाद, बीजेपी नेताओं ने अपना मानसिक संतुलन खो दिया है और उन्हें आगरा और बरेली के मेंटल हॉस्पिट्स में भर्ती कराया जाना चाहिए।

गौरतलब हो की भाजपा विधायक साधना सिंह ने कहा था कि मायावती ना तो नर लगती हैं ना नारी। उन्होंने गेस्ट हाउस कांड को याद दिलाते हुए बसपा सुप्रीमों को महिला जाति पर कलंक बताया। उन्होंने कहा कि मायावती ने सत्ता के लिये चीरहरण करने वालों से हाथ मिला लिया। भाजपा विधायक ने इस दौरान सपा-बसपा गठबंधन पर भी जमकर हमला बोला था

शेयर करें :

इसे भी पढ़ें...

मध्यप्रदेश में 10 तारीख से पहले लग सकती हैं आचार सहिंता

भोपाल 5 मार्च 2021 । प्रदेश में 407 नगरीय निकायों में चुनाव के लिए फाइनल …